परचिन्तन, परहित, परसेवा, परमार्थ के काज करूँ
पवन - गति से चलूँ सत्य पे, सदा झूठ से लाज करूँ
वैर - भाव न रखूं किसी से, दो ऐसा वरदान प्रभो !
झुकूं सदा मैं सभी के आगे, सबके हृदय पे राज करूँ
hindi hasyakavi sammelan in mangalore by MRPL
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शानदार, शानदार, शानदार …………………
शानदार और जानदार रहा मंगलूर रिफ़ाइनरी एंड पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड द्वारा
राजभाषा विभाग के तत्वाधान में डॉ बी आर पाल द्वारा आ...
12 years ago

