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Hindi Hasya kavi Albela Khatri's blog

ताज़ा टिप्पणियां

Albela Khatri

दो लुगाइयों के बीच में...............

एक कड़ाही दो हलवाइयों के

बीच जैसे

एक मेमना हो दो कसाइयों के बीच में



एक चोर फँसे दो सिपाहियों के

बीच जैसे

एक सिपाही दो आतताइयों के बीच में



एक भाजपाई दो इन्काइयों के

बीच जैसे

एक इन्काई दो भाजपाइयों के बीच में



आगे ममता है पीछे सोनिया

खड़ी है यार

फँस गए मन्नू दो लुगाइयों के बीच में

3 comments:

ताऊ रामपुरिया June 18, 2009 at 11:29 AM  

दो पाट्न के बीच मे साबुत बचा ना कोय.:)

रामराम.

Murari Pareek June 18, 2009 at 1:27 PM  

हा.. हां...फंस गए मन्नू दो लुगाइयों के बिच में !!! एक ही काफी होती है यहाँ तो दो दो !!!

राजेश चेतन June 20, 2009 at 4:01 PM  

अच्छा होता अलबेला जी भी कहीं फंस जाते

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